विश्व के प्रमुख प्राकृतिक प्रदेश (Major natural areas of the world) Part 2 for CISF Exams

Get unlimited access to the best preparation resource for UGC : Get detailed illustrated notes covering entire syllabus: point-by-point for high retention.

Download PDF of This Page (Size: 157K)

सुडान तुल्य/सवाना प्रदेश/उष्ण कटिबंधीय घास प्रदेश:-

स्थिति एवं विस्तार- इसका विस्तार दोनों ही गोलार्धो में 50-20 अक्षांश तक पाया जाता है। इसे तीन भागों में बाँटते है-

  • 50-100 के बीच- वूड लैंड सवाना-वर्षा (75-200) से. मी.

  • 100-150 के बीच-पार्क लैंड सवाना-वर्षा (50-75) से.मी.

  • 150-200 के बीच-ग्रांस लैंड सवाना-वर्षा (30-45 ) से. मी.

आस्ट्रेेलिया एवं अफ्रीका में इसका विस्तार एक लंबी पटवित रुक्ष्म्ग्।डऋछ।डम्दव्र्‌ुरुक्ष्म्ग्।डऋछ।डम्दव्रुरू टी के रूप में पाया जाता है, जबकि दक्षिण अमेरिका में यह प्रदेश आमेजन बेसिन दव्ारा दो भागों में विभक्त है एवं उत्तर का भाग लानोस एवं दक्षिण का भाग कैम्पोस के नाम से जाना जाता है। यह प्रदेश सेनेगल, गिनी माली, नाइजर, चाड, सूडान, युगांडा, तंजानिया, कीनिया, रोडेशिया, अंगोला, वेनेजुएला, ओरेनिको बेसिन एवं ब्राजील उच्च भूमि तथा आस्ट्रेलिया के उत्तरी भाग एवं क्वींसलैंड में फैला हुआ हैं।

जलवायु विशेषताएँ-

  • सूर्य के उत्तरायण एवं दक्षिणायण होने के कारण इस प्रदेश में गर्मी एवं जाड़े की दो स्पष्ट ऋतुएँ होती हैं।

  • सालोंभर तापमान ऊँचा रहता हैं। ग्रीष्म ऋतु में विषुववृत्तीय क्षेत्र से भी अधिक तापमान (400 c तक) पाया जाता है। औसत मासिक तापमान 200 c से 300 c तक रहता हैं। औसत वार्षिक तापांतर 100 c तक पाया जाता है।

  • दैनिक तापांतर भी अधिक पाया जाता हैं।

  • वर्षा ग्रीष्मऋतु में होती है, एवं शीतऋतु शुष्क होती है। आर्द्रकाल की अपेक्षा में शुष्क काल अधिक लंबा होता हैं।

  • कुल वार्षिक वर्षा 25 से.मी.-100 से.मी. तक होती है। वर्षा अनिश्चित एवं अनियिमित होती हैं। विषुववृत्तीय सीमा एवं समुद्रतटीय प्रदेश में अधिक वर्षा होती हैं। विषुववृत्त रेखा से दूर जाने पर वर्षा में क्रमिक रूप से कमी आती है।

  • शुष्क ऋतु में आंधियों का चलना इस प्रदेश की एक महत्वपूर्ण विशेषता हैं।

प्राकृतिक वनस्पति एवं जीव जन्तु-

  • इस प्रदेश की मुख्य वनस्पति लंबी व सूखी घास हैं जिसे सवाना के नाम से जाना जाता है। घास की लंबाई 10 फीट तक होती हैं।

  • पार्क लैंड (जमीन) में घास के साथ छिटपुट रूप से वृक्ष भी पाए जाते हैं-जिनका आकार छाते की तरह होता है। ये वृक्ष वर्णपाती होते हैं।

  • जंगली जानवरों की सर्वाधिक संख्या अफ्रीका के सवाना प्रदेश में हैं। यहा एम एवं शतुरमुर्ग पक्षी पाए जाते हैं।

  • इस प्राकृतिक प्रदेश को बड़े शिकारों की भूमि भी कहा जाता है। यहां विश्व प्रसिद्ध चिड़िया घर हैं।

आर्थिक विकास-

  • इस प्रदेश में मानव आखेट एवं पशुपालन का कार्य करता हैं।

  • इस प्रदेश में पाए जाने वाले ’अकेसिया’ प्रकार के कुछ वृक्षों में गोंद प्राप्त होता हैं।

  • यह प्रदेश आर्थिक दृष्टि से पिछड़ा हुआ है जिसका मुख्य कारण जनसंख्या की कमी हैं।

Developed by: