एशियाई विकास बैंक (अधिकोष) -गंगा पुल ऋण (Asian development bank (Wealth) Ganga bridge Loan)

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  • एशियाई विकास बैंक ने गंगा नदी पर एक पुल के निर्माण के लिए 500 मिलियन (दस लाख) डॉलर (मुद्रा) (लगभग 3350 करोड़ रुपए) के ऋण की मंजूरी दी है।

  • बिहार में निर्मित होने वाला 9.8 किमी. लंबा यह पुल निर्मित होने के बाद देश का सबसे लंबा नदी पुल होगा।

  • इस परियोजना की अनुमानित अवधि 4 वर्षों की है और इसके दिसंबर 2020 तक पूरा होने की संभावना है।

एशियाई विकास बैंक के बारे में

  • एशियाई विकास बैंक की कल्पना 1960 के दशक में एक ऐसी वित्तीय संस्था के रूप में की गई थी जो प्रकृति में एशियाई होगी तथा विश्व के सबसे गरीब क्षेत्रों में से एक में आर्थिक विकास और सहयोग को बढ़ावा देगी।

  • एशियाई विकास बैंक अपने सदस्यों और भागीदारों के सामाजिक और आर्थिक विकास को बढ़ावा देने के लिए ऋण, तकनीक सहायता, अनुदान और इक्विटी (निष्पक्षता) निवेश प्रदान करके मदद करता है।

  • एशियाई विकास बैंक के 67 सदस्य हैं, जिनमें से 48 एशिया और प्रशांत क्षेत्र से हैं।

  • भारत एशियाई विकास बैंक का वर्ष 1966 से एक संस्थापक सदस्य है।

  • 31 दिसंबर 2012 तक भारत के पास एशियाई विकास बैंक में 6.33 प्रतिशत हिस्सेदारी और 5.36 प्रतिशत मताधिकार थे। जापान और अमेरिका एशियाई विकास बैंक में सबसे बड़े शेयरधारक हैं।

सुर्खियों में क्यों?

सरकार ने NATRIP के लिए 3727 30 करोड़ रुपये के संशोधित लागत अनुमान को मंजूरी दे दी ळें

NATRIP क्या है?

  • भारत 1998 डब्ल्यूपी के अंतर्गत यूएन रेगुलेशन (विनियमन) ऑन (पर) हार्मनाइजेशन (समानीकरण) ऑफ (का) व्हीकल (वाहन) स्पेसिफिकेशन (विनिर्देश)’(वाहन विनिर्देशों के सामंजस्यीकरण पर संयुक्त राष्ट्र नियमन)’ का हस्ताक्षरकर्ता है। इस कारण भारत दव्ारा परियोजना दायित्वों को पूरा करना आवश्यक है।

  • भारतीय वाहनों से सुरक्षा को बौद्धिक मानकों (ब्रासीलिया प्रस्ताव के अनुसार) के अनुरूप बनाना जिससे सड़क दुर्घटनाओं और हनाहतों की बड़ी संख्या को कम किया जा सके (2015 में यह संख्या क्रमश: 5.01 लाख और 1.46 लाख थी।

  • इसका उद्देश्य वाहन पुर्जो (ऑटों (वाहन)-कॉम्पोनेन्ट (घटक)) के विकास और प्रमाणन के लिए MSMEs को सहायता देना है।

  • भारत सरकार, राज्य सरकार और भारतीय ऑटोमोटिव (मोटर वाहन) उद्योग के बीच एक अदव्तीय संयुक्त पहल के दव्ारा देश में अत्याधुनिक परिक्षण सत्यापन और शोध एवं विकास में बुनियादे ढांचे का निर्माण किया जायेगा।

  • ऑटोमोटिव (मोटर वाहन) मिशन (लक्ष्य) प्लान (योजना) 2016-2026 को समर्थन देने के लिए आवश्यक है। इसके अंतर्गत भारतीय मोटर वाहन और पुर्जा निर्मताओं के लिए अगले 10 वर्षों में निर्यात को अपने कुल उत्पादन के 35-40 प्रतिशत तक बढाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है।