रूस का भूगोल (Geography of Russia) Part 6

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खनिज संसाधन:-

  • कोयला-रुस का सबसे बड़ा कोयला भंडार कुजनेटस्क बेसिन में है। कोयला उत्पादन के अन्य क्षेत्रों में मास्को-तुला प्रदेश, येनीसी तथा लीना नदी घाटी, चेलियाबिन्स्क आमूर नदी की घाटी तथा ट्रांस बैकाल क्षेत्र प्रमुख हैं। लिग्लाइट कोयले का यहाँ सबसे बड़ा संचित भंडार है पर इसके उत्पादन में दूसरा स्थान है। वोल्डाई क्षेत्र में भी कोयला मिलता है।

  • पेट्रोलियम- रुस का 80 प्रतिशत पेट्रोलियम यूराल-वोल्गा क्षेत्र में मिलता है। इसे सेकेन्ड (दव्तीय) बेकू ऑफ (का) द (यह) वर्ल्ड (विश्व) कहा जाता है। वोल्गा क्षेत्र में udmurt oblast, Volgograd तथा ural क्षेत्र में perm oblast प्रमुख क्षेत्र हैं। इसके अलावा सावालिन दव्ीप तथा कमचटका के पूर्वी भाग में भी पेट्रोलियम मिलता है। यहाँ का प्रमुख तेल क्षेत्र ओखा है।

  • लोहा- यहाँ यूराल क्षेत्र प्रमुख लौह अयस्क उत्पादक क्षेत्र है। इस क्षेत्र में इसकी खानें ओर्स्क और मैग्नीटोगोर्स्क में है। इसके अलावा कुजनेटस्क बेसिन, इर्कुटस्क, मोमस्क आदि प्रदेशों में भी लौह अयस्क मिलता है। कुजनेटस्क बेसिन की गोरनाथ शौरिया यहाँ की प्रमुख खान है।

  • मैंगनीज- यह मुख्यत: यूराल क्षेत्र में मिलता हैं, जहां सेरोवइबदेल प्रमुख उत्पादन केन्द्र हैं। उसिंस्क में भी मैगनीज उत्पादन का केन्द्र है।

  • प्राकृतिक गैस- प्राकृतिक गैस का यह विश्व में सबसे बड़ा उत्पादक है। तथा निर्यातक भी यही है। यह निर्यात पाइप लाइन से होता है। विश्व की लबीं पाइप लाइन (4600 कि.मी.), ट्रांस -ईरो फ्रेंडसीप (दोस्ती) पाइपलाइन (नल तंत्र) है जो टयूमेन-ओब्लास्ट के सुरगत सिटी (शहर) से शुरू होकर नीदरलैंड के अटलांटिक तट तक जाता है। यहाँ गैस का वृहद संचित भंडार ओब बेसिन में है।

  • यहाँ कुछ ऐसे खनिज मिलते है, जो कहीं नहीं मिलते, जैसे- यूरेलाइट।

  • क्रोमाइट यूराल क्षेत्र में मिलता है।

  • सीसा तथा जस्ता यूराल तथा पश्चिमी साइबेरिया में मिलता हैं।

  • अभ्रक ट्रांस बैकाल क्षेत्र पश्चिमी साइबेरिया में मिलता है।

  • हीरा, पन्ना, लाल मणि, फिरोजा आदि बहुमूल्य पत्थर यहाँ साइबेरिया के याकृतिया में अधिक मिलते है।

  • नोवोतरोलीस्क, निकेल तथा ताँबा उत्पादन का प्रमुख केन्द्र है यहाँ साइबेरिया में हैं तथा 600 उत्तरी अक्षांश के उत्तर स्थित सबसे बड़ा नगर है।

  • यह विश्व में सबसे बड़ा एस्बेस्टस उत्पादक देश है। साइबेरिया तथा यूराल क्षेत्र में यह पर्याप्त रूप में मिलता है।