सांप्रदायिकता एवं देश का विभाजन (Sectarianism and Partition of Country) Part 5 for NTSE

Download PDF of This Page (Size: 188K)

प्रमुख विचार

हम नाग के दांत बो रहे हैं ओर इसका फल भीषण होगा।

-लार्ड मॉरले

मैं अपने प्राण देकर भी इसका सामना करना चाहता हूँ। मैं मुसलमानों को भारत की सड़कों पर रेंगने नही दूँगा। वे आत्मसम्मान के साथ चलेंगे।

- खलीकुज्जमाँ

1880 के दशक में उठने वाले हिन्दी उर्दू हिन्दू राष्ट्रीयता के विचार से बांध दिया।

-लाजपतराय

शैतान तभी भीतर आ सकता है जब उसे आने का मार्ग मिले और मूल समस्या तो यह थी कि हम थोड़े से शिक्षितों और देश के करोड़ों सामान्यजन के बीच एक विशाल खाई मौजूद है।

-रवीन्द्रनाथ टैगोर

प्रत्येक हिन्दू के मन में यह चेतना जागृत होनी चाहिए कि वह हिन्दू हैं, मात्र भारतीय नहीं।

-लालचन्द्र

Developed by: