सर्वोच्च न्यायालय ने आपराधिक मानहानि कानून की पुष्टि की (Supreme Court Confirms Criminal Offensive Act – Arrangement of The Governance)

Download PDF of This Page (Size: 184K)

भारतीय दंड संहिता की धारा 499 और 500 के अंतर्गत मानहानि के दोषी पाए गए व्यक्ति को दो वर्ष के कारावास की सजा का प्रावधान हैं।

सुर्ख़ियों में क्यों?

• सर्वोच्च न्यायालय ने हाल ही में आपराधिक मानहानि कानून की पुष्टि की हैं। अदालत ने आपराधिक मानहानि से संबंधित भारतीय दंड संहिता की धारा 499 और 500 की संवैधानिक वैधता को चुनौती देने वाली सभी याचिकाओं पर अपना फैसला सुनाया हैं।

अन्य मुद्दें

सीआरपीसी की धारा 199

• न्यायालय को इस खंड को संकीर्ण अर्थ में न लेकर इसकी विस्तृत अर्थों में व्याख्या करनी चाहिए जिसमें लोक अभियोजकों को कथित तौर पर बदनाम लोक सेवकों के मुकदमें लड़ने की अनुमति प्रदान की गई हैं।

• यह निश्चय ही अनुचित है की राज्य आलोचना को दबाने के लिए अपनी विधिक कानूनी मशीनरी (यंत्रो) का उपयोग करने की अनुमति दी जाये तथा लोक सेवकों को अदालत में गवाही देने से उन्मुक्ति प्रदान की जाती हो।

संंवैधानिक पीठ

• यह एक बड़ा मुद्दा हैं अत: साधारण पीठ दव्ारा इसको संवैधानिक पीठ को निर्णय के लिए प्रेषित किया जा सकता था।

• संवैधानिक पीठ भारत के सुप्रीम कोर्ट (सर्वोच्च न्यायालय) की उस पीठ को कहा जाता है जिसमें किसी मामले का निर्णय करने के लिए कम से कम पांच न्यायाधीश मिलकर विचार करें तथा जिसमें भारतीय संविधान या विधि की व्याख्या का महत्वपूर्ण प्रश्न निहित हो।

Doorsteptutor material for competitive exams is prepared by worlds top subject experts- get questions, notes, tests, video lectures and more- for all subjects of your exam.

Developed by: